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Lesson Posted on 13 Aug Language/Sanskrit Language Tuition/Class 6 Tuition Tuition/Class 7 Tuition +4 CBSE/Class 8 CBSE/Class 9 CBSE/Class 10 CBSE/Class 4 less

Sanskrit Samany Parcichay ( )

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

* -- ( ) . ( ) . ( ) . ( ) . ( ) . ... read more

* संस्कृत में दश लकार होते हैं --  ( लकार से संस्कृत में काल का ज्ञान होता है) 

१. लट् लकार                   (वर्तमान काल )

२. लोट् लकार                  (आदेश देने अर्थ में)

३ . लड्॒ लकार                  (अनद्यतन  भूतकाल)

४ . विधिलिड्॒ लकार          (निवेदन या सुझाव अर्थ में)

 ५. लृट् लकार                 ( भविष्यत् काल )

६. लिट् लकार                 (अनद्यतन परोक्ष भूतकाल )

७. लुट् लकार                  (अनद्यतन परोक्ष भविष्यत् काल)

८.  लुड्॒ लकार                 (सामान्य भूतकाल)            

९. लृड्॒ लकार                   (हेतु हेतुमद् भूत या भविष्यत् )

१०. आशीर्लिड्॒ लकार.       (आशीर्वाद अर्थ में)

* नोट         अनद्यतन =  जो आज का नहीं है | 

                   जैसे-- कल गया या जाउँगा इत्यादि |

* नोट        परोक्ष  = जो आँखों से नहीं देखा |  

                  जैसे -- राम ने रावण को मारा 

                           23 वीं सदी में हम कहाँ होगें इत्यादि | 

* नोट.        हेतु हेतुमद् भूत  = ऐसा होता तो ऐसा हो जाता |

          जैसे --  यदि तुम नहीं जाते तो वह मर जाता इत्यादि |

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Lesson Posted on 06 Jul Language/Sanskrit Language

Sentence Making in Sanskrit

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

In this video, You'll learn how to make a sentence in Sanskrit - Nature of Sanskrit language - Sentence making Rules - Person - Number - Gender - Verb formation - Word formation - Subject-verb agreement. read more

In this video, You'll learn how to make a sentence in Sanskrit

- Nature of Sanskrit language

- Sentence making Rules

- Person

- Number

- Gender

- Verb formation

- Word formation

- Subject-verb agreement.

 

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Lesson Posted on 08/12/2020 Language/Sanskrit Language

Sanskrit Alphabets

VP Manohar

Vowels: (a) (aa) (i) (ee) (u) (oo) (r) (r) (lr) (e) (ai) (o) (au) Anuswaara and Visarga (am) (aha) Consonants: Consonants are pronounced in the following way: Guttural (Velar) - Using the back of the tongue against the soft palate. Palatal - Using the flat of the tongue... read more

Vowels:

अ(a) आ(aa) इ(i) ई(ee) उ(u) ऊ(oo) ऋ(r) ॠ(r) लृ(lr) ए(e) ऐ(ai) ओ(o) औ(au)

Anuswaara and Visarga

अं(am) अः(aha)

Consonants:

  Consonants are pronounced in the following way:

  1. Guttural (Velar) - Using the back of the tongue against the soft palate. 
  2. Palatal - Using the flat of the tongue against the back of the hard palate. 3. Cerebral (Retroflex) - Using the tip of the tongue against the top of the hard palate.
  3. Dental - Using the tip of the tongue against the top front teeth.
  4. Labial - Using the lips.
  • Consonant Group-1: Gutturals : क(ka) ख(kha) ग(ga) घ(gha) ङ(nga)
  • Consonant Group-2: Palatals: च(cha) छ(chha) ज(ja) झ(jha) ञ(nja)
  • Consonant Group-3 Palatals: ट(ta) ठ(tha) ड(da) ढ(dha) ण(na)
  • Consonant Group-4: Dentals: त(ta) थ(tha) द(da) ध(dha) न(na)
  • Consonant Group-4: Dentals: प(pa) फ(pha) ब(ba) भ(bha) म(ma)
  • Group 6: consists of three subgroups.
    1. Semivowels: य(ya) र(ra) ल(la) व(va)
    2. Sibilants: श(sha) ष(sha) स(sh)
    3. Aspirate: ह(ha), क्ष(Ksha) त्र(tra) ज्ञ(Gna) श्र(Sra)
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Answered on 22/12/2020 Language/Sanskrit Language CBSE/Class 10 Tuition/Class IX-X Tuition/Sanskrit +3 Tuition/Class 6 Tuition Tuition/Class 7 Tuition Tuition/Class VI-VIII Tuition less

Shima Saggar

Corporate & Education Professional with 20+ years of experience

Hi Rohan, below is the Hindi translation. | means : ( ) | means our greatest enemy is laziness, |means ... read more

Hi Rohan, below is the Hindi translation.

आलस्यं हि मनुष्याणां शरीरस्थो महान् रिपुः | means अर्थात् : मनुष्यों के शरीर में रहने वाला आलस्य ही ( उनका ) सबसे बड़ा शत्रु होता है | means our greatest enemy is laziness,

नास्त्युद्यमसमो बन्धुः कृत्वा यं नावसीदति |means परिश्रम जैसा दूसरा कोई अन्य मित्र नहीं होता क्योंकि परिश्रम करने वाला कभी दुखी नहीं होता simply means that our greatest friend is hard work, one who learns to work hard will never fail in life!

Good luck!

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Lesson Posted on 23/10/2020 Language/Sanskrit Language Tuition/Class IX-X Tuition/Sanskrit CBSE/Class 10 +5 Tuition/Class 6 Tuition Tuition/Class 7 Tuition CBSE/Class 8 Tuition/Class VI-VIII Tuition Tuition/Class IX-X Tuition less

Present tense ending words

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

( ) ( ) ( ) ( ) ( ) ( ) ( ) ( ) ( ... read more
पुरुष  एकवचन  द्विवचन  बहुवचन 

प्रथम पुरुष 

सः 

सा 

बालकः 

(ति )

तौ 

ते 

बालकौ 

( तः )

ते 

ताः 

बालकाः 

( न्ति )

मध्यम पुरुष 

त्वम् 

(सि )

युवाम् 

(थः )

यूयम् 

(थ )

उत्तम पुरुष 

अहम् 

(आमि )

आवाम् 

(आवः )

वयम् 

(आमः )

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Lesson Posted on 10/10/2020 Tuition/Class IX-X Tuition/Sanskrit CBSE/Class 10 Language/Sanskrit Language

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

‌ l ll l l l ... ll1ll = , ... read more

‌दुर्वहमत्र जीवितं जातं प्रकृतिरेव शरणं l

                                       शुचि पर्यावर्णम् ll

महानगरमध्ये  चलदनिशं कालायश्चक्रम् l

मनः शोषयत् तनुः पेषयत्  भ्रमति सदा वक्रम् l

दुर्दान्तैर्दश्नैरमुना श्यान्नैव जनग्रसनम् l शुचि... ll1ll

 

अर्थ = इस संसार मे जीना कठिन हो गाय है,  केवल एकमात्र प्रकृति हि शरण बची है l

                                  पवित्र पर्यावराण ll

महानगरों के अंदर दिन रात घूमता हुआ यह गाड़ियों का पहिया (लौहे का चक्र) हमारे मन का शोषण करता रहता है और शरीर को पीसता रहता है ।

कहीं ऐसा न हो कि यह अपने भयंकर दाँतों के द्वारा सभी लोगों को कहा न जाए । पवित्र पर्यावरण ।। 1 ।।

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Lesson Posted on 14/08/2020 Language/Sanskrit Language Tuition/Class IX-X Tuition/Sanskrit CBSE/Class 10

Samash in detail

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

: : – : ‍ ‍ : – ‍ : – ‍ ‍ : : ? : – : ‍ : ... read more

समासा:
श्रुत
श्रुि: – अह दिं नम दि् नम विद्या
् या: आलयम्समयम्अनतिक्रम्‍य गच्‍छामि।
अनकुृति: – अहम्अपि प्रतिदिनं
विद्यालयंयथासमयंगच्‍छामि।
श्रुत
श्रुि: – किं त्‍वं जानासि यद व् सदे
ुवस्‍य सत:
ु क: आसीत?्
अनकुृति: – जानामि। वसदे
ुवसत:
ु श्रीकृष्‍ण: आसीत।

श्रुत
श्रुि: – मह्यं पी त: वर्ण: रोचते। स: अपि पीतम्अम्‍बरं धारयति स्‍म।
अनकुृति: – सत्‍यं व दसि। स: पीताम्‍बरं धारयति स्म अत: स: ‘पीताम्‍बर:’ इति नाम्‍ना
अपि प्रसिद्ध:। मया पठितं यत् कृष्‍ण: च बलराम: च यमनाया:
ु तटे
क्रीडत: स्‍म।
श्रुत
श्रुि: – मयापि पठितंयत्कृष्‍णबलरामौ यमनातटे
ु क्रीडत: स्‍म।
उपरिलिखितेषुसवं ादवाक्‍येष श्रुत
श्रुि: यानि वाक्यानि वदति तेषुरेखा‍ि�त-पदानि पथकृ ्
पथकृ ् सन्ति परन्‍तु अनकुृति: यानि वाक्‍यानि वदति तेष वु ाक्‍येषुतानि एव रेखा‍ि�त-पद‍ानि
समस्‍तरूपेण (सं
क्षिप्‍तरूपेण) योजयित्‍वा प्रदर्शितानि सन्ति। यथा शब्‍दानां
पथकृ ्-पथकृ ्लेखनं
‘विग्रह:’ कथ्‍यतेतथैव समस्‍तरूपेण (सक्षिप्‍त ं रूपेण) वा लेखनं‘समास:’ इति कथ्‍यते।
समासानां
विभाजनंमख्ु‍यत: चतर्धा
ु भवति —
1. अव्‍ययीभाव:
2. तत्‍पुरुष:
्‍पु
3. द्वन्‍द्व:
4. बहु
व्रीहि:
(कर्मधारय: द्विग:
ुचेति तत्‍पुरुष-समास ्‍पु स्‍य एव द्वौ भेदौ स्‍त:।)

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Lesson Posted on 08/07/2020 Language/Sanskrit Language CBSE/Class 9 Tuition/Class 6 Tuition +4 Tuition/Class 7 Tuition Tuition/Class VI-VIII Tuition Tuition/Class I-V Tuition CBSE/Class 10 less

Arun

I am a tutor with 7 years of experience in teaching Sanskrit and Hindi . I have taken classes in person...

( , ) ( , ) ‘ ‘ , ( , ) ( , ) ‘ ‘ , ( , ) ( , ) ‘ ‘ : + : + ... read more

दीर्घ संधि की परिभाषा

जब दो शब्दों की संधि करते समय (अ, आ) के साथ (अ, आ) हो तो ‘आ‘ बनता है,
जब (इ, ई) के साथ (इ, ई) हो तो ‘ई‘ बनता है,
जब (उ, ऊ) के साथ (उ, ऊ) हो तो ‘ऊ‘ बनता है।


जैसे: पुस्तक + आलय : पुस्तकालय बनता है। 
यहाँ अ+आ मिलकर आ बनाते हैं।

दीर्घ संधि के कुछ उदाहरण :

विद्या + अभ्यास : विद्याभ्यास (आ + अ = आ)
ऊपर दिए गए उदाहरण में आप देख सकते हैं कि जब आ एवं अ दो स्वरों को मिलाया गया
तो उन्होंने आ का निर्माण किया।

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Lesson Posted on 08/07/2020 Language/Sanskrit Language CBSE/Class 10 CBSE/Class 9 +4 Tuition/Class VI-VIII Tuition Tuition/Class 7 Tuition Tuition/Class 6 Tuition Tuition/Class I-V Tuition less

Arun

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( ) ( ) ‘ ’ ( ) ( ) ‘ ’ ( ) ‘ ’ ( ) ‘ ’ - ... read more

(क) इ या ई के आगे कोई विजातीय (असमान) स्वर होने पर इ या ई को ‘य्’ हो जाता है। (ख) उ या ऊ के आगे किसी विजातीय(असमान) स्वर के आने पर उ या ऊ को ‘व्’ हो जाता है। (ग) ‘ऋ’ के आगे किसी विजातीय(असमान) स्वर के आने पर ऋ को ‘र्’ हो जाता है। इन्हें यण-संधि कहते हैं ।


उदाहरण 
(इ + अ = य् + अ) यदि + अपि = यद्यपि ।
(ई + आ = य् + आ) इति + आदि = इत्यादि ।
(ई + अ = य् + अ) नदी + अर्पण = नद्यर्पण ।
(ई + आ = य् + आ) देवी + आगमन = देव्यागमन ।
(उ + अ = व् + अ) अनु + अय = अन्वय ।
(उ + आ = व् + आ) सु + आगत = स्वागत ।
(उ + ए = व् + ए) अनु + एषण = अन्वेषण ।
(ऋ + अ = र् + आ) पितृ + आज्ञा = पित्राज्ञा ।
 
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Lesson Posted on 08/07/2020 Language/Sanskrit Language Tuition/Class VI-VIII Tuition Tuition/Class I-V Tuition +4 Tuition/Class 6 Tuition Tuition/Class 7 Tuition CBSE/Class 9 CBSE/Class 10 less

Arun

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- ( ) 1 ... read more

द्वितीया तत्पुरुष समास
अर्थ - द्वितीया तत्पुरुष समास तत्पुरुष समास का एक भेद है। जिसके एक पद (शब्द)में द्वितीया विभक्ति होती है। इसीलिए इसे द्वितीया तत्पुरुष समास कहा जाता है ।

नियम 1
जब किसी समस्त पद के उतर पद में श्रित अतीत पतित गत प्राप्त आपन्न शब्द हों तो वहां द्वितीया तत्पुरुष समास होता है

उदाहरण - कष्टश्रित:
यहां दो शब्द हैं एक कष्ट और दूसरा श्रित , श्रित पद बाद में है इसीलिए यहां पर द्वितीया तत्पुरुष समास होगा ।
जिस कारण से कष्ट में द्वितीया विभक्ति हो जाएगी । और विग्रह बनेगा -
कष्टं श्रित: = कष्टश्रित:

कुछ अन्य उदाहरण
ग्रामगत:
जलपतित:
मोदकप्राप्त:
धनापन्न:

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